सरकारी शिलापट तोड़ने पर जनता में आक्रोश

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मरदह।क्षेत्र में सरकारी शिलापट्ट के तोड़े जाने से जनता में आक्रोश है।स्थानीय लोगों ने इसकी शिकायत भी की।
तोड़े जाने के बाद कुछ लोगों द्वारा वीडीयो क्लिप बनाकर शोशल मिडिया पर वायरल भी किया जा रहा है जो चर्चा का विषय बना हुआ है।बताया जा रहा है क्षेत्र पंचायत मरदह द्धारा राज्य वित्त योजनान्तर्गत वित्तीय वर्ष 2024-25 में ग्राम पंचायत नरवर में नहर से पी.एम.जे.एस.आई रोड तक 250 मीटर मिट्टी खडन्जा कार्य 5 लाख 30 रूपए से कराया गया था।परन्तु लोकार्पण के लिए लगे शिलापट्ट को शुक्रवार को
असामाजिक तत्वों ने रात के अंधेरे में शिलापट्ट को क्षतिग्रस्त कर दिया,जिससे क्षेत्रीय जनता में आक्रोश फैल गया है।अराजकतत्वों ने तोड़-फोड़ कर क्षतिग्रस्त शिलापट्ट को जगहों पर फेंक दिया गया।अगले दिन जानकारी होने पर कार्यदाई संस्था व गांव के जनप्रतिनिधि तथा संभ्रांत लोग मौके पर इकट्ठा होकर इस कृत्य की घोर निंदा किए।वहीं दूसरी ओर शिलापट्ट तोड़े जाने पर गंवई राजनीति तेज हो गई,इस विकास कार्य को लेकर जहां आजादी के बाद इस मार्ग पर मिट्टी खड़ंजा का निर्माण कार्य हुआ तो क्षेत्र के‌ लोग काफी प्रसन्नता व्यक्त किए।लेकिन दो दिन बाद ही इस कार्य के शिलापट्ट को क्षतिग्रस्त होने पर राजनीतिक सरगर्मी तेज हो गई।शिलापट्ट पर विधान परिषद सदस्य विशाल सिहं चंचल, ब्लाक प्रमुख सीता सिंह, प्रतिनिधि धर्मेंद्र कुमार सिंह, खंड विकास अधिकारी कौस्तुभ मणि त्रिपाठी,अवर अभियंता आशीष खरवार,क्षेत्र पंचायत सदस्य नरेश यादव,
प्रस्तावक छोटू यादव का नाम अंकित था जिसको लेकर भाजपा बनाम सपा की राजनीति तेज हो गई है।
मनबढ़ों द्धारा किए गए कृत्य को लेकर ढुक्कू राजभर, सुनील राजभर,छोटेलाल यादव ने बताया कि आजादी के दशकों बाद इस मार्ग पर मिट्टी खड़ंजा का निर्माण हुआ, जिससे नरवर,पीपनार,कोड़री,कंचनपुर,लहुरापुरा, वैदवली,घुरहा बंदा,धनेशपुर,सहित दर्जनों गांवों के लोग व छात्र-छात्राएं आते और जाते हैं परन्तु ऐसा कृत्य करके असमाजिक तत्व समाज में नफ़रत फैलाने का कार्य कर रहे।आगे कहां कि किसी भी व्यक्ति का विरोध हो सकता है परन्तु जब कोई एक ईट नहीं रख सकता तो किसी का एक ईट उखाड़ने की हिमाकत नहीं करनी चाहिए जिससे पूरे क्षेत्र व गांव की बदनामी हो।
इस संबंध में ब्लाक प्रमुख सीता सिंह ने कहा कि विकास कार्यों के निशान मिटा कर की जा रही है शरारत। जनता ऐसे शरारती लोगों के कृत्य को भली-भांति जानती हैमरदह।क्षेत्र में सरकारी शिलापट्ट के तोड़े जाने से जनता में आक्रोश है।स्थानीय लोगों ने इसकी शिकायत भी की।
तोड़े जाने के बाद कुछ लोगों द्वारा वीडीयो क्लिप बनाकर शोशल मिडिया पर वायरल भी किया जा रहा है जो चर्चा का विषय बना हुआ है।बताया जा रहा है क्षेत्र पंचायत मरदह द्धारा राज्य वित्त योजनान्तर्गत वित्तीय वर्ष 2024-25 में ग्राम पंचायत नरवर में नहर से पी.एम.जे.एस.आई रोड तक 250 मीटर मिट्टी खडन्जा कार्य 5 लाख 30 रूपए से कराया गया था।परन्तु लोकार्पण के लिए लगे शिलापट्ट को शुक्रवार को
असामाजिक तत्वों ने रात के अंधेरे में शिलापट्ट को क्षतिग्रस्त कर दिया,जिससे क्षेत्रीय जनता में आक्रोश फैल गया है।अराजकतत्वों ने तोड़-फोड़ कर क्षतिग्रस्त शिलापट्ट को जगहों पर फेंक दिया गया।अगले दिन जानकारी होने पर कार्यदाई संस्था व गांव के जनप्रतिनिधि तथा संभ्रांत लोग मौके पर इकट्ठा होकर इस कृत्य की घोर निंदा किए।वहीं दूसरी ओर शिलापट्ट तोड़े जाने पर गंवई राजनीति तेज हो गई,इस विकास कार्य को लेकर जहां आजादी के बाद इस मार्ग पर मिट्टी खड़ंजा का निर्माण कार्य हुआ तो क्षेत्र के‌ लोग काफी प्रसन्नता व्यक्त किए।लेकिन दो दिन बाद ही इस कार्य के शिलापट्ट को क्षतिग्रस्त होने पर राजनीतिक सरगर्मी तेज हो गई।शिलापट्ट पर विधान परिषद सदस्य विशाल सिहं चंचल, ब्लाक प्रमुख सीता सिंह, प्रतिनिधि धर्मेंद्र कुमार सिंह, खंड विकास अधिकारी कौस्तुभ मणि त्रिपाठी,अवर अभियंता आशीष खरवार,क्षेत्र पंचायत सदस्य नरेश यादव,
प्रस्तावक छोटू यादव का नाम अंकित था जिसको लेकर भाजपा बनाम सपा की राजनीति तेज हो गई है।
मनबढ़ों द्धारा किए गए कृत्य को लेकर ढुक्कू राजभर, सुनील राजभर,छोटेलाल यादव ने बताया कि आजादी के दशकों बाद इस मार्ग पर मिट्टी खड़ंजा का निर्माण हुआ, जिससे नरवर,पीपनार,कोड़री,कंचनपुर,लहुरापुरा, वैदवली,घुरहा बंदा,धनेशपुर,सहित दर्जनों गांवों के लोग व छात्र-छात्राएं आते और जाते हैं परन्तु ऐसा कृत्य करके असमाजिक तत्व समाज में नफ़रत फैलाने का कार्य कर रहे।आगे कहां कि किसी भी व्यक्ति का विरोध हो सकता है परन्तु जब कोई एक ईट नहीं रख सकता तो किसी का एक ईट उखाड़ने की हिमाकत नहीं करनी चाहिए जिससे पूरे क्षेत्र व गांव की बदनामी हो।
इस संबंध में ब्लाक प्रमुख सीता सिंह ने कहा कि विकास कार्यों के निशान मिटा कर की जा रही है शरारत। जनता ऐसे शरारती लोगों के कृत्य को भली-भांति जानती है

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